20 अक्टूबर वाला वायरल दावा झूठा है — दिवाली 8 नवंबर को है
Diwali 2026 date को लेकर सोशल मीडिया पर बहुत बड़ा कन्फ्यूजन फैला है। कई पोस्ट में दावा किया जा रहा है कि दिवाली 20 अक्टूबर को है, लेकिन यह जानकारी पूरी तरह गलत है — 20 अक्टूबर 2025 की दिवाली की तारीख थी, जिसे कुछ लोगों ने इस साल की तारीख समझकर वायरल कर दिया है। पंचांग के अनुसार 2026 में दिवाली रविवार, 8 नवंबर को मनाई जाएगी, जब कार्तिक मास की अमावस्या होगी।
हर साल दिवाली की तारीख बदलती है, क्योंकि हिंदू कैलेंडर चंद्रमा की गति पर आधारित है। 2025 में कार्तिक अमावस्या 20 अक्टूबर को पड़ी थी, इसलिए पिछले साल दिवाली उसी दिन मनाई गई थी। लेकिन 2026 में यही अमावस्या 8 नवंबर को पड़ रही है। पुरानी तारीखों वाले पोस्ट दोबारा शेयर होकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं — इसलिए इस लेख में हम दिवाली 2026 का सही और पूरा कैलेंडर दे रहे हैं, धनतेरस से भाई दूज तक, साथ में लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त भी।
दिवाली 2026: 5 दिन का पूरा कैलेंडर
2026 में दिवाली का पांच दिवसीय उत्सव 6 नवंबर से शुरू होकर 11 नवंबर तक चलेगा:
- शुक्रवार, 6 नवंबर — धनतेरस (धनत्रयोदशी): उत्सव का पहला दिन। भगवान धन्वंतरि की पूजा होती है और सोना-चांदी, बर्तन या नई चीजें खरीदना शुभ माना जाता है।
- शनिवार, 7 नवंबर — नरक चतुर्दशी (छोटी दिवाली): भगवान श्रीकृष्ण द्वारा नरकासुर वध की कथा से जुड़ा दिन। सुबह तेल-स्नान की परंपरा है और शाम को दीये जलाए जाते हैं।
- रविवार, 8 नवंबर — दिवाली / लक्ष्मी पूजा (अमावस्या): मुख्य त्योहार। अमावस्या की रात माता लक्ष्मी और भगवान गणेश की पूजा होती है, घरों में दीये जलाए जाते हैं।
- मंगलवार, 10 नवंबर — गोवर्धन पूजा: श्रीकृष्ण द्वारा गोवर्धन पर्वत उठाने की लीला का स्मरण। कई जगहों पर अन्नकूट का भोग लगाया जाता है।
- बुधवार, 11 नवंबर — भाई दूज: भाई-बहन के स्नेह का त्योहार। बहनें भाइयों को तिलक लगाती हैं और भाई उपहार देते हैं।
ये तारीखें भारतीय पंचांग के अनुसार हैं। कुछ क्षेत्रों में स्थानीय परंपरा के अनुसार एक दिन का अंतर हो सकता है, इसलिए अपने क्षेत्र के पंचांग से भी पुष्टि कर लें।
लक्ष्मी पूजा 2026 का शुभ मुहूर्त
दिवाली की रात लक्ष्मी पूजा प्रदोष काल में करना सबसे शुभ माना जाता है, और जब प्रदोष काल में वृषभ लग्न मिल जाए तो मुहूर्त और भी फलदायी होता है। 8 नवंबर 2026 की शाम को यही शुभ संयोग बन रहा है:
- दिल्ली और उत्तर भारत: शाम लगभग 5:54 बजे से 7:50 बजे तक
- मुंबई और पश्चिम भारत: शाम लगभग 6:19 बजे से 7:45 बजे तक
जरूरी चेतावनी: मुहूर्त का समय शहर और पंचांग के अनुसार लगभग 30 मिनट तक आगे-पीछे हो सकता है। ऊपर दिए गए समय संदर्भ के लिए हैं — पूजा से पहले अपने स्थानीय पंचांग से सही मुहूर्त की पुष्टि जरूर कर लें।
पूजा से पहले घर की साफ-सफाई कर लें और पूजा स्थान पर माता लक्ष्मी व भगवान गणेश की मूर्ति स्थापित करें। कमल का फूल, बताशे, खील और मिठाई का भोग विशेष महत्व रखता है।
धनतेरस पर खरीदारी का शुभ समय
धनतेरस खरीदारी के लिए साल के सबसे शुभ दिनों में गिना जाता है — मान्यता है कि इस दिन खरीदी गई वस्तु में तेरह गुना वृद्धि होती है। 2026 में धनतेरस शुक्रवार, 6 नवंबर को है।
- सोना-चांदी: धनतेरस की शाम को सोना, चांदी या आभूषण खरीदना सबसे शुभ।
- बर्तन: पीतल, तांबे या स्टील के बर्तन खरीदने की पुरानी परंपरा है।
- झाड़ू: लोक मान्यता के अनुसार धनतेरस पर झाड़ू खरीदना घर में लक्ष्मी के आगमन का प्रतीक है।
खरीदारी के लिए शाम का समय, विशेषकर प्रदोष काल, सबसे अच्छा माना जाता है।
छुट्टियां और तैयारी
2026 में दिवाली रविवार, 8 नवंबर को है, इसलिए इस बार वीकेंड के साथ छुट्टियों का अच्छा संयोग बनेगा। धनतेरस (6 नवंबर, शुक्रवार) से भाई दूज (11 नवंबर, बुधवार) के बीच कई राज्यों में स्कूलों और दफ्तरों में छुट्टियां रहती हैं, लेकिन यह राज्य और संस्थान के अनुसार अलग-अलग हो सकता है। यात्रा की योजना है तो टिकटें पहले से बुक कर लें — दिवाली के आसपास भीड़ बहुत बढ़ जाती है।
घर की साफ-सफाई और सजावट का सामान धनतेरस से पहले ही खरीद लें, ताकि त्योहार के दिनों में सिर्फ पूजा और परिवार के साथ समय बिताने पर ध्यान दिया जा सके।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
दिवाली 2026 कब है?
दिवाली 2026 रविवार, 8 नवंबर को मनाई जाएगी। इस दिन कार्तिक मास की अमावस्या है, जिसकी रात लक्ष्मी पूजा होती है।
क्या दिवाली 20 अक्टूबर 2026 को है?
नहीं, यह गलत जानकारी है। 20 अक्टूबर 2025 की दिवाली की तारीख थी। पुराने पोस्ट दोबारा वायरल होकर लोगों को गुमराह कर रहे हैं — 2026 में दिवाली 8 नवंबर को है।
धनतेरस 2026 कब है?
धनतेरस 2026 शुक्रवार, 6 नवंबर को है। इस दिन सोना-चांदी और नई वस्तुएं खरीदना शुभ माना जाता है।
लक्ष्मी पूजा का शुभ मुहूर्त क्या है?
8 नवंबर 2026 की शाम प्रदोष काल में लक्ष्मी पूजा सबसे शुभ है — दिल्ली में लगभग शाम 5:54 से 7:50 बजे तक और मुंबई में लगभग शाम 6:19 से 7:45 बजे तक। शहर और पंचांग के अनुसार लगभग 30 मिनट का अंतर हो सकता है, इसलिए स्थानीय पंचांग से पुष्टि जरूर करें।
भाई दूज 2026 कब है?
भाई दूज 2026 बुधवार, 11 नवंबर को मनाई जाएगी — पांच दिवसीय उत्सव का आखिरी दिन, जो भाई-बहन के प्रेम को समर्पित है।











